उत्तर प्रदेश की एंटी-टेररिज्म स्क्वाड को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। एटीएस ने आतंकी गतिविधियों में लिप्त दो युवकों को गिरफ्तार किया है, जो राज्य के संवेदनशील स्थलों पर हमले की योजना बना रहे थे। प्रारंभिक जांच में एटीएस को संदेह हुआ था कि ये दोनों युवक किसी बाहरी शक्ति के प्रभाव में काम कर रहे हैं।
गहन जांच के दौरान एटीएस को यह चौंकाने वाला तथ्य सामने आया कि गिरफ्तार युवकों को एक पाकिस्तानी गैंगस्टर के माध्यम से निर्देश दिए जा रहे थे। यह गैंगस्टर पाकिस्तान से ही आतंकी हमलों की योजना बना रहा था और भारत में अपने सहयोगियों को विभिन्न संवेदनशील लक्ष्य पर हमले करने का निर्देश दे रहा था। एटीएस ने पाया कि ये दोनों युवक इस आतंकवादी नेटवर्क की भारतीय शाखा का हिस्सा थे।
जांच में कई महत्वपूर्ण साक्ष्य मिले हैं जो इन युवकों के आपराधिक इरादों को प्रमाणित करते हैं। एटीएस को डिजिटल उपकरणों, संचार माध्यमों और अन्य सामग्रियों का एक बड़ा जखीरा बरामद हुआ है जो आतंकी साजिश से संबंधित है। पूछताछ में इन युवकों ने पाकिस्तानी गैंगस्टर के साथ अपने संपर्क और निर्देशों को स्वीकार किया है।
यह घटना राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए एक गंभीर चेतावनी है क्योंकि पाकिस्तान से संचालित आतंकवादी नेटवर्क भारतीय युवाओं को अपने जाल में फंसा रहे हैं। एटीएस की यह कार्रवाई देश की सुरक्षा एजेंसियों की सतर्कता को दर्शाती है। अधिकारियों ने कहा है कि आगामी समय में इस नेटवर्क के अन्य सदस्यों को ढूंढने के लिए गहन जांच जारी रहेगी। इस मामले में सुरक्षा एजेंसियां पूरी तरह सतर्क हैं और संभावित खतरे को रोकने के लिए प्रयासरत हैं।
