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कांग्रेस ने इस्राइली मंत्री के बयान पर जताया विरोध

कांग्रेस ने इस्राइली मंत्री के बयान पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने सरकार की चुप्पी पर भी सवाल उठाए हैं। यह बयान लेबनान के खिलाफ है और इससे तनाव बढ़ सकता है।

20 जून 20261 घंटे पहलेस्रोत: शुक्रवार डेस्क0 बार पढ़ा गया
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नई दिल्ली में कांग्रेस ने इस्राइली मंत्री के उस बयान पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है, जिसमें उन्होंने कहा था कि "पूरा लेबनान जलना चाहिए"। यह बयान हाल ही में दिया गया था और इसके बाद कांग्रेस ने इसे लेकर सरकार की चुप्पी पर सवाल उठाए हैं। कांग्रेस ने इस बयान को अत्यंत आपत्तिजनक और अस्वीकार्य बताया है।

कांग्रेस के नेताओं ने इस बयान की निंदा करते हुए कहा कि यह बयान न केवल लेबनान के प्रति असम्मान है, बल्कि यह क्षेत्रीय शांति के लिए भी खतरा है। उन्होंने कहा कि इस तरह के बयानों से तनाव और बढ़ सकता है। कांग्रेस ने इस मुद्दे पर सरकार की चुप्पी को भी गंभीरता से लिया है और इसे अस्वीकार्य बताया है।

इस्राइल और लेबनान के बीच लंबे समय से तनाव चला आ रहा है, जिसमें कई बार सैन्य संघर्ष भी हुए हैं। इस्राइली मंत्री का यह बयान उस समय आया है जब क्षेत्र में स्थिति पहले से ही संवेदनशील है। कांग्रेस ने इस बयान को लेकर सरकार से स्पष्ट स्थिति मांगने का निर्णय लिया है।

कांग्रेस के नेताओं ने कहा कि सरकार को इस मामले में तुरंत प्रतिक्रिया देनी चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि इस्राइली मंत्री के बयान के खिलाफ भारत सरकार को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर आवाज उठानी चाहिए। कांग्रेस ने इस मुद्दे पर सरकार की चुप्पी को चिंताजनक बताया है।

इस बयान का आम लोगों पर गहरा प्रभाव पड़ सकता है, खासकर उन लोगों पर जो भारत और लेबनान के बीच संबंधों को लेकर चिंतित हैं। कांग्रेस ने कहा कि इस तरह के बयानों से भारत की अंतरराष्ट्रीय छवि को नुकसान पहुंच सकता है। लोगों में इस मुद्दे को लेकर चिंता और असंतोष बढ़ सकता है।

इस घटना के बाद कांग्रेस ने सरकार के खिलाफ एक अभियान शुरू करने का निर्णय लिया है। वे इस मुद्दे को संसद में उठाने की योजना बना रहे हैं। इसके अलावा, कांग्रेस ने इस मुद्दे पर जन जागरूकता फैलाने का भी निर्णय लिया है।

आगे की कार्रवाई में कांग्रेस इस मुद्दे को और अधिक प्रमुखता से उठाने की योजना बना रही है। वे चाहते हैं कि सरकार इस मामले में स्पष्टता प्रदान करे और इस्राइली मंत्री के बयान की निंदा करे। इसके साथ ही, कांग्रेस ने अंतरराष्ट्रीय मंचों पर भी इस मुद्दे को उठाने का विचार किया है।

कुल मिलाकर, इस्राइली मंत्री का बयान और कांग्रेस की प्रतिक्रिया इस बात का संकेत है कि भारत-लेबनान संबंधों में तनाव बढ़ सकता है। यह घटना न केवल राजनीतिक दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण है, बल्कि यह क्षेत्रीय स्थिरता के लिए भी एक महत्वपूर्ण मोड़ हो सकती है। कांग्रेस की मांगें और सरकार की प्रतिक्रिया इस मुद्दे की गंभीरता को और बढ़ा सकती हैं।

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