59वें आसियान दिवस के अवसर पर कुतुब मीनार पर एक ऐतिहासिक नजारा देखने को मिला। इस अवसर पर कुतुब मीनार को विशेष रूप से रोशन किया गया। यह आयोजन 8 अगस्त 2023 को आयोजित किया गया था।
इस कार्यक्रम में भारत के विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने भाग लिया और आसियान देशों के साथ भारत के संबंधों को मजबूत करने की दिशा में 'एक्ट ईस्ट' नीति की महत्वपूर्णता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि यह नीति भारत और आसियान के बीच साझेदारी को और गहरा कर रही है।
आसियान दिवस का आयोजन हर साल 8 अगस्त को किया जाता है, जो कि आसियान के गठन की वर्षगांठ है। इस दिन आसियान देशों के बीच सहयोग और एकता को बढ़ावा देने के लिए विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। भारत ने भी आसियान के साथ अपने संबंधों को मजबूत करने के लिए कई कदम उठाए हैं।
विदेश मंत्री जयशंकर ने इस अवसर पर आसियान के महत्व को रेखांकित किया और कहा कि भारत की 'एक्ट ईस्ट' नीति से क्षेत्रीय सहयोग को बढ़ावा मिलेगा। उन्होंने आसियान देशों के साथ भारत के संबंधों को और मजबूत करने का आश्वासन दिया।
इस आयोजन का लोगों पर सकारात्मक प्रभाव पड़ा है। कुतुब मीनार की रोशनी ने स्थानीय निवासियों और पर्यटकों को आकर्षित किया। यह नजारा देखने के लिए बड़ी संख्या में लोग इकट्ठा हुए, जिससे सांस्कृतिक एकता का संदेश भी गया।
आसियान दिवस के अवसर पर इस तरह के आयोजन भविष्य में भी जारी रहने की संभावना है। इससे भारत और आसियान देशों के बीच सहयोग और सांस्कृतिक आदान-प्रदान को बढ़ावा मिलेगा।
आगे की गतिविधियों में, भारत और आसियान देशों के बीच व्यापार, सुरक्षा और सांस्कृतिक सहयोग को बढ़ाने के लिए और कार्यक्रम आयोजित किए जा सकते हैं। इस दिशा में कई महत्वपूर्ण पहल की जा सकती हैं।
इस आयोजन ने भारत और आसियान के बीच संबंधों को और मजबूत करने का एक महत्वपूर्ण अवसर प्रदान किया है। कुतुब मीनार का यह ऐतिहासिक प्रकाशन न केवल सांस्कृतिक एकता का प्रतीक है, बल्कि क्षेत्रीय सहयोग को बढ़ावा देने का भी एक माध्यम है।
