मंगलवार, 21 अप्रैल 2026
एडमिन|भाषा: हिंदी
शु

शुक्रवार

SHUKRAWAAR • Hindi News

राजनीतिलखनऊ

महिला सशक्तिकरण के लिए सीएम योगी की सड़क पर उतरे, नारी शक्ति विधेयक को लेकर विपक्ष पर निशाना

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को लखनऊ में नारी शक्ति वंदन संशोधन विधेयक का समर्थन करने के लिए जन आक्रोश पदयात्रा निकाली। इस अवसर पर उन्होंने विपक्ष पर महिला विरोधी रुख दिखाने का आरोप लगाते हुए महिला सशक्तिकरण की दिशा में सरकार की प्रतिबद्धता को दोहराया।

21 अप्रैल 20262 घंटे पहलेस्रोत: शुक्रवार संवाददाता2 बार पढ़ा गया
शेयर करें:
महिला सशक्तिकरण के लिए सीएम योगी की सड़क पर उतरे, नारी शक्ति विधेयक को लेकर विपक्ष पर निशाना

उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ ने मंगलवार को एक ऐतिहासिक राजनीतिक आंदोलन का साक्षी बना जब महिला अधिकारों के संरक्षण के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ स्वयं सड़क पर उतरे। नारी शक्ति वंदन संशोधन विधेयक को लेकर विपक्ष के रुख के विरोध में सीएम योगी ने यह जन आक्रोश पदयात्रा का आयोजन किया। इस पदयात्रा का मुख्य उद्देश्य संविधान में महिलाओं के लिए आरक्षण से संबंधित महत्वपूर्ण प्रावधानों को लोकसभा में पारित करवाने के लिए जनमानस को जागरूक करना था।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस अवसर पर विपक्षी दलों पर कड़ी आलोचना की और उन्हें महिला विरोधी होने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि जब देश महिला सशक्तिकरण की दिशा में आगे बढ़ रहा है, तब विपक्षी दल महिलाओं के अधिकारों का विरोध कर रहे हैं। सीएम योगी के अनुसार, नारी शक्ति वंदन विधेयक एक ऐतिहासिक कदम है जो महिलाओं को राजनीतिक प्रक्रिया में अधिक भागीदारी का अवसर प्रदान करेगा। उन्होंने यह भी जोर दिया कि भारतीय संविधान के अनुसार महिलाओं को बराबर अधिकार दिए जाने चाहिए और उन्हें निर्णय प्रक्रिया में महत्वपूर्ण भूमिका निभानी चाहिए।

यह पदयात्रा कई सामाजिक संगठनों, महिला समूहों और आम नागरिकों की भागीदारी के साथ आयोजित की गई थी। पदयात्रा के दौरान विभिन्न नारे लगाए गए और महिला सशक्तिकरण से संबंधित विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की गई। आयोजकों का मानना था कि इस तरह की सड़क पदयात्रा जनता को राजनीतिक मुद्दों के प्रति जागरूक करने और महिलाओं के अधिकारों के लिए लामबंदी करने का एक प्रभावी माध्यम है।

नारी शक्ति वंदन संशोधन विधेयक महिलाओं के लिए लोकसभा और राज्य विधानसभाओं में आरक्षण से संबंधित है। सरकार के अनुसार यह विधेयक महिलाओं को राजनीतिक प्रतिनिधित्व देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। उत्तर प्रदेश सरकार का मानना है कि इस विधेयक के माध्यम से भारतीय लोकतंत्र में महिलाओं की भागीदारी में वृद्धि होगी और देश अधिक समावेशी राजनीतिक व्यवस्था की ओर आगे बढ़ेगा।

टैग:
योगी आदित्यनाथनारी शक्ति वंदन विधेयकमहिला सशक्तिकरणलखनऊउत्तर प्रदेशमहिला अधिकारविपक्षजन आक्रोश पदयात्रा
शेयर करें:

राजनीति की और ख़बरें

और पढ़ें →