उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार को लखनऊ में सोमनाथ स्वाभिमान पर्व के तहत आयोजित सोमनाथ स्वाभिमान यात्रा का उत्तर प्रदेश में औपचारिक शुभारंभ किया। इस अवसर पर उन्होंने भारतीय संस्कृति की अद्भुत शक्ति और लचीलेपन पर विस्तार से बात की। मुख्यमंत्री ने कहा कि सनातन संस्कृति न केवल भारत की बल्कि विश्व की सबसे प्राचीन और जीवंत सभ्यताओं में से एक है।
योगी आदित्यनाथ ने अपने संबोधन में कहा कि भारतीय सनातन परंपरा और मूल्यों ने हजारों वर्षों तक असंख्य आक्रमणों का सामना किया है। इन सभी कठिनाइयों के बावजूद, भारतीय संस्कृति अपनी मूल विचारधारा और मान्यताओं में अटल रही है। उन्होंने कहा कि यह भारतीय संस्कृति की मजबूत जड़ें हैं जो इसे सदियों तक जीवित और प्रासंगिक बनाए रखती हैं। मुख्यमंत्री ने इस बात पर भी जोर दिया कि विभिन्न समयकालों में जो भी शक्तियां भारत को दबाने का प्रयास करती रहीं, वे सभी अंत में इतिहास में विलुप्त हो गईं।
मुख्यमंत्री का तर्क था कि सनातन संस्कृति के प्रति भारतीयों की आस्था और समर्पण ही इसकी सबसे बड़ी ताकत है। वह विश्वास के साथ कहते हैं कि भारत की संस्कृति केवल धर्म नहीं, बल्कि एक जीवन पद्धति है जो जीवन के हर पहलू को स्पर्श करती है। योगी आदित्यनाथ ने सोमनाथ स्वाभिमान यात्रा को इसी संस्कृति की गरिमा और महत्ता को जनता तक पहुंचाने का एक महत्वपूर्ण माध्यम बताया। यह यात्रा लोगों को अपनी सांस्कृतिक विरासत से जुड़ने और उसके प्रति गौरवान्वित महसूस करने का अवसर प्रदान करती है।